IC38 Hindi Chapter Notes 12

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अध्याय – 12 दस्तावेज़ीकरण/प्रलेखन  – प्रस्ताव चरण


A ) प्रस्ताव स्तर का प्रलेखन: –

  1. i) प्रास्पेक्टस – यह औपचारिक कानूनी दस्तावेज है जो हमें उत्पाद के बारे में जानकारी प्रदान करता है। यह लाभ की सीमा , नियमों और शर्तों – गैरेँटेड- ग़ैर गैरेँटेड , लाभों/प्राप्तियों, अपवाद आदि के बारे में अवगत कराता है ।
  2. ii) प्रस्ताव प्रपत्र – यह फार्म प्रस्तावक द्वारा आवश्यक तथ्यों / सामग्री के साथ बीमा कंपनी को भर कर दिया जाता है तथा फिर बीमा कंपनी फैसला लेती है की इस प्रस्ताव को स्वीकार किया जाय या नहीं ।

iii) एजेंट की रिपोर्ट – एजेंट  प्राथमिक व्यक्ति (अंडरराइटर) है।  वह प्रस्तावक के सभी तथ्यों के बारे में विवरण जैसे स्वास्थ्य, आदतों, व्यवसाय, आय, परिवार आदि के बारे में जानकारी प्राप्त करता है

  1. iv) चिकित्सा परीक्षकों की रिपोर्ट – चिकित्सा परीक्षक “रिपोर्ट आम तौर पर तबआवश्यक है जब प्रस्तावक असामान्य हो, प्रस्तावित् राशि उच्च हो , या आयु बहुत अधिक हो तथा ये कुछ  विशेषताये हैं  जिसके लिए  चिकित्सा द्वारा जांच और रिपोर्ट आवश्यक होती है
  1. v) नैतिक जोखिम रिपोर्ट – यह संभावना है कि जीवन बीमा पॉलिसी की खरीद के बाद एक ग्राहक का व्यवहार बदल जाय जिससे नुकसान की संभावना बढ़ जाएगी
  2. vi) धनशोधन निवारण (एएमएल) – धनशोधन निवारण वह प्रक्रिया है जिसके द्वारा अर्जन का स्रोत न बताकर उसे अर्थव्यवस्था में अवैध रूप से वापिस लाया जाता है । इसमें कटौती करने के लिए अधिनियम वर्ष 2002 में लाया गया और व्यक्ति दोषी पाए जाने पर 3-7 साल के कारावास तथा 5 लाख के जुर्माने के हक़दार होंगे

vii) अपने ग्राहक को जानिए(केवाईसी) – यह ग्राहकों के पहचान सत्यापित करने के लिए इस्तेमाल की जानी वाली प्रक्रिया है।  इसका उद्देश्य अपराधी व्यक्तियों द्वारा धनशोधन निवारण में काले धन के इस्तेमाल  को रोकना है.

केवाईसी प्रक्रिया:

i. फोटोग्राफ

ii. आयु प्रमाण – स्कूल या कॉलेज के प्रमाण पत्र, पासपोर्ट, पैन कार्ड, सेवा रजिस्टर, एक बपतिस्मा प्रमाण पत्र , एक परिवार के बाइबल से प्रमाणित रिकॉर्ड ,यदि इसमें जन्म तिथि  दी  हो , रक्षा कर्मी के मामले में  पहचान की तिथि , विवाह हेतु रोमन  कैथोलिक चर्च द्वारा जारी प्रमाण पत्र ।

iii. पते का प्रमाण – ड्राइविंग लाइसेंस, पासपोर्ट, टेलीफोन बिल, बिजली बिल, बैंक पासबुक ।

पहचान  पत्र-  ड्राइविंग लाइसेंस, पासपोर्ट, वोटर आईडी कार्ड, पैन कार्ड, आदि –

iv उच्च मूल्य के लेन-देन के मामले में आय प्रमाण के दस्तावेज

viii) फ्रीलुक अवधि (या) कूलिंग ऑफ़ अवधि – मान लीजिए एक व्यक्ति नेएक नई जीवन बीमा पालिसी खरीदी है तथा उसका दस्तावेज भी उसे प्राप्त हो गया है और अगर पॉलिसीधारक पालिसी के नियम और शर्तों से संतुष्ट नहीं है तो वह पालिसी के दस्तावेज / बांड की प्राप्ति से 15 दिनों के भीतर उस पालिसी को  वापिस कर सकता है ।

इस प्रकार 15 दिन का फ्री-लुक अवधि पॉलिसीधारक को विशेषाधिकार प्रदान करती है वह उसे जारी रखना चाहता है या नहीं।

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